|| Om Param Tatvaaye Naarayanaaye Gurubhayo NamaH ||

October 30, 2011

Dhan Ka Swaroop

धन का स्वरूप जीवन में क्यों आवश्यक है ?     आज के अर्थ प्रधन युग में पुरुषार्थ चतुष्टय के अनुसार जीवन के चार भाग धर्म, अर्थ, […]
October 30, 2011

Vaasuki Prayog

वासुक्या सौभाग्यर्वतैव सिद्धं वासुकी प्रयोग जिसे सिद्ध करने पर साधक को गड़ा धन दिखाई देने लगता है।     वेदों और पुराणों में नागों के रूप, जाति, […]
October 30, 2011

Aarogya Sutra

आरोग्य सूत्र     1- चेहरे को धोने के बाद चेहरे पर संतरे के सूखे छिलकों के पाउडर का लेप बनाकर दिन में 2-3 बार इस्तेमाल […]
October 30, 2011

SadGuru Vaani (Divine Guru Guidance)

गुरु वाणी     दीक्षा तो एक संस्कार है, जिसके माध्यम से कुसंस्कारों का क्षय होता है, अज्ञान, पाप और दारिद्रय का क्षय होता है तथा ज्ञान […]
October 30, 2011

Shishya Dharma (Guiding Torch for Disciples)

शिष्‍य धर्म     शंकर भाष्य’’ ग्रंथ में जगत गुरु शंकराचार्य ने शिष्य की पांच कसौटियां रखीं, पांच पहचान बताई, शिष्य के पांच लक्षण बताए जो इस […]
October 30, 2011

Surya Sadhana

मकर संक्रान्ति       15 जनवरी 2012 सूर्योपासना अशुभ से शुभ की ओर गतिशीलता की प्रक्रिया      यदि इस जगत में अविराम गति की किसी प्रकार से […]
October 30, 2011

Raj Rajeshwari Yantra

राज-राजेश्वरी यंत्र      प्राचीन मंत्र-यंत्र विज्ञान पत्रिका आपके परिवर का अभिन्न अंग है। इसके साधनात्मक पूर्णता को समाज के सभी स्तरों में समान रूप से […]
October 30, 2011

Mantra Sadhana Ki Upyogita

वैज्ञानिक विवेचन विधि विधान क्यों आवश्यक ? मंत्र साधना की उपयोगिता अध्यात्म के क्षेत्र में      इष्ट के प्रति समर्पण की बात आती है, वहां […]
October 30, 2011

Jeevan ka Naya Sopaan

जीवन का नया सोपान राज राजेश्‍वरी दीक्षा आज्ञा चक्र जागरण दीक्षा 8, 9 एवं 10 नवम्बर 2011 इस महान संन्यास महोत्सव पर हरिद्वार गंगा के तट […]
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